चंडीगढ़: पंजाब के मंत्री और कारोबारी संजीव अरोड़ा से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने अपना शिकंजा और कस दिया है। जांच एजेंसी की चंडीगढ़ और दिल्ली की संयुक्त टीमों ने सेक्टर-17 स्थित पीएसआईडीसी (PSIDC) के दफ्तर पर अचानक छापेमारी की है। इस बड़ी कार्रवाई के बाद पंजाब के राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मच गया है।
चंडीगढ़ और दिल्ली की टीमों ने खंगाले अहम दस्तावेज
सूत्रों के मुताबिक, ईडी की टीमें सुबह-सुबह ही पीएसआईडीसी कार्यालय पहुंच गई थीं और उन्होंने तुरंत रिकॉर्ड खंगालना शुरू कर दिया। जांच अधिकारियों ने वहां से कई अहम दस्तावेज अपने कब्जे में लिए हैं, हालांकि अभी तक आधिकारिक तौर पर यह खुलासा नहीं किया गया है कि क्या-क्या बरामद हुआ है। इस बीच, राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। पंजाब विधानसभा में विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा ने इस रेड को लेकर मुख्यमंत्री भगवंत मान पर निशाना साधा है और कहा है कि सीएम को इस कार्रवाई पर जनता को जवाब देना चाहिए।
कागजों पर ही दुबई भेज दिए 100 करोड़ के आईफोन
ईडी की यह छापेमारी मंत्री संजीव अरोड़ा से जुड़े 103 करोड़ रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग मामले का हिस्सा है। जांच एजेंसी ने हाल ही में विशेष PMLA अदालत में एक चार्जशीट दाखिल की है, जिसमें बेहद चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। आरोप है कि अरोड़ा की कंपनी ‘हैम्पटन स्काई रियल्टी लिमिटेड’ ने सिर्फ कागजों पर ही दुबई में 100 करोड़ रुपये से अधिक कीमत के करीब 44 हजार आईफोन का एक्सपोर्ट दिखा दिया, जबकि असलियत में ऐसा कोई निर्यात हुआ ही नहीं था। इसके लिए दिल्ली की फर्जी और बंद हो चुकी शेल कंपनियों के जरिए झूठे बिल बनाए गए और करोड़ों रुपये का फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) और जीएसटी रिफंड का अवैध लाभ लिया गया।
गुरुग्राम जेल में बंद हैं ‘मुख्य साजिशकर्ता’ संजीव अरोड़ा
ईडी ने अपनी चार्जशीट में संजीव अरोड़ा को इस पूरे फर्जीवाड़े के नेटवर्क का मुख्य साजिशकर्ता करार दिया है। गौरतलब है कि ईडी ने संजीव अरोड़ा को 9 मई 2026 को मनी लॉन्ड्रिंग के इस गंभीर मामले में गिरफ्तार किया था। शुरुआत में ईडी की रिमांड में रहने के बाद अदालत ने उन्हें न्यायिक हिरासत में गुरुग्राम जेल भेज दिया था, जहां वह अभी भी बंद हैं। अदालत से भी उन्हें कोई राहत नहीं मिल रही है। बीते 15 जून 2026 को विशेष PMLA कोर्ट ने प्रथम दृष्टया उनके खिलाफ पर्याप्त सबूत मानते हुए उनकी नियमित जमानत याचिका खारिज कर दी थी।


ED raids PSIDC office in money laundering case; trouble mounts for Sanjeev Arora; teams from Chandigarh




