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Video: आज है मंत्र सिद्धि योग. अवश्य करें ये काम, तो नही होगी अकाल मृत्यु, गलती से भी न करें यह काम, नही तो वर्ष भर के पुण्य हो जाएंगे नाश – देखें Video

 

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जालंधर (PLN) 13 नवंबर को धन तेरस और नरक चतुर्दशी काली चौदस है ! धन तेरस पर यम दीप दान करना चाहिए। धन तेरस को दीप दान करने से अकाल मृत्यु नही होती है।

नरक चतुर्दशी की रात्रि में मंत्र जप करने से मंत्र सिद्ध होता है। मंत्र की चेतना बढ़ती है।

 

नरक चतुर्दशी को सूर्य उदय से पहले उठ कर तिल का तेल लगाकर स्नान और सप्तघान उबटन लगाकर स्नान करना चाहिए! ये स्नान 14 नवंबर को करें।

धनतेरस और नरक चतुर्दशी के दिन जो व्यक्ति सच्चे मन से भगवान धन्वंतरि , माता लक्ष्मी व भगवान कुबेर की उपासना करता है । उसके घर में हमेशा के लिए धन – धान्य की वर्षा होती और दूर दूर तक दरिद्रता नहीं आती! लक्ष्मी प्राप्ति होती है।

 

14 नवंबर नरक चतुर्दशी के दिन कोई गलती से भी सूर्य उदय के बाद उठता है तो वर्ष भर के उस के पुण्य कर्मो और सत कर्मो का प्रभाव कम हो जाएगा। 

और जो सूर्य उदय से पहले उठ जाता है और तिल के तेल से मालिश करके स्नान कर लेता है उस के पुण्य बढ़ते है।

नरक चतुर्दशी को जो मंत्र जप नही करता तो उस का मंत्र मलिनता को प्राप्त होता है। मंत्र का प्रभाव कम हो जाता है।

सरसों या घी का दिया जलाकर काजल बनाएं। इस काजल को लगाने से नेत्र ज्योति बढ़ती है। और नजर नही लगती। भूत बाधा भाग जाती है।

भय से बचने के लिए ॐ यामाय नमः का जप करें