जालंधर (अमन बग्गा): पंजाब के सरकारी सहायता प्राप्त कॉलेजों के कर्मचारी पिछले 10 साल से अपनी जायज मांगों को स्वीकार करवाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अकाली-भाजपा या कांग्रेस की किसी भी सरकार ने उन्हें किसी भी तरह की राहत नहीं दी है। लगभग 5 महीने बीत चुके हैं आप सरकार ने कार्यभार संभाला है, हमें यह कहते हुए खेद है कि आज तक हमारे किसी भी लंबित मुद्दे का समाधान नहीं हुआ है। ऐसा लगता है कि आप सरकार भी सिर्फ खजाना खाली कहकर पिछली सरकार के नक्शेकदम पर चल रही है। इसलिए, हमने हमारी बात नहीं सुनने के लिए वर्तमान पंजाब सरकार के खिलाफ आंदोलन शुरू करने का फैसला किया है। आंदोलन के कार्यक्रम के दौरान कॉलेजों में पढ़ाई या अन्य काम के किसी भी प्रकार की हानि होने पर पंजाब सरकार जिम्मेदार होगी। आंदोलन का कार्यक्रम इस प्रकार है-
आंदोलन कार्यक्रम
06-09-2022 सुबह 9.30 बजे से दोपहर 12.30 बजे तक मेन गेट के सामने स्टाइक और धरना
12-09-2022 सुबह 9 बजे से दोपहर 12.00 बजे तक मेन गेट के सामने स्टाइक और धरना
17-09-2022 पूरा दिन पेन डाउन स्ट्राइक और धरना सुबह 10.00 बजे से दोपहर 01.00 बजे तक।
22-09-2022 धरना कॉलेज के मेन गेट के सामने सुबह 10.00 बजे से दोपहर 1.00 बजे तक।
29-09-2022 धरना कॉलेज के मेन गेट के सामने सुबह 09.30 बजे से दोपहर 1.30 बजे तक।
हमारी लंबित मांगों में प्रमुख मुद्दे हैं-
एडिड कॉलेजो के नॉन टीचिंग कर्मचारियों को पे पैरिटी के आधार पर सरकारी कर्मचारियों को दिए गए अनुसार छठे वेतन आयोग का नोटिफिकेशन
01-12-2011 संशोधित वेतनमान का नोटिफिकेशन जारी करना
संशोधित मकान भत्ता 01-08-09 से और मैडिकल भत्ता रुपये जो 350/- से रु. 500/- प्रतिमाह है और जो पहले ही केवल टीचिंग स्टाफ को स्वीकृत किया जा चुका है।
बेसिक पे के 5 प्रतिशत की दर से 01/01/2017 से अंतरिम राहत का नोटिफि
नई भर्ती/रिक्त पदों को भरने पर से प्रतिबंध हटाना।
उपरोक्त निर्णय प्रधान श्री राजीव शर्मा, सलाहकार श्री सविंदर सिंह गोला, उपाध्यक्ष दीपक शर्मा, मनोज पांडे, शमशेर सिंह, अमरीक सिंह (पंजाबी विश्वविद्यालय), कौशल गर्ग (पंजाब विश्वविद्यालय), शाम लाल (गुरु नानक देव विश्वविद्यालय) रवि मैनी, मैडम सोनिका, निर्मल कौर, अजय गुप्ता, कानूनी सलाहकार सुनील कुमार, जसविंदर सिंह मनकू, अवतार सिंह, प्रेम सिंह हरजिंदर सिंह, सुरेश कुमार, आदि के मार्गदर्शन में लिया गया।




