उत्तराखंड सरकार ने राज्य में कानून व्यवस्था को बनाए रखने के मद्देनजर मूवी को बैन कर दिया है, हाल ही में बीजेपी ने फिल्म को बैन करने की मांग की थी, फिल्म को पहले उत्तराखंड के सीएम और सरकार की तरफ से पास कर दिया गया था लेकिन स्थानीय पार्टियों ने फिल्म पर प्रतिबंध लगाने की मांग की।
बीजेपी नेता सतपाल सिंह महाराज ने दिया बयान
बुधवार को उत्तराखंड सरकार ने बीजेपी नेता सतपाल सिंह महाराज की अध्यक्षता में 4 सदस्यों की कमेटी का गठन किया गया था, जिसके बाद फिल्म को बैन कर दिया गया।
मालूम हो कि इससे पहले उत्तराखंड हाईकोर्ट में इसके खिलाफ याचिका दायर की गई थी, ये याचिका दायर की गई थी गढ़वाल के समाजसेवी स्वामी दर्शन भारती और बदरीनाथ धाम के हरिकिशन किमोठी ने, जिन्होंने फिल्म निर्माता पर आरोप लगाया कि भगवान केदारनाथ का अपमान करते हुए विदेशी मदद से फिल्म बनाई गई है। यह फिल्म हिंदुओं व पहाड़ की आस्था के साथ भद्दा मजाक है। यह फिल्म लव-जिहाद को बढ़ावा देती है, फिल्म में दिखाया गया है कि केदारनाथ में सैकड़ों साल से मुस्लिम रहते हैं और मंदिर में नमाज पढ़ रहे हैं, जबकि मंदिर या उसके आसपास एक भी मुस्लिम परिवार या व्यक्ति नहीं रहता है।





