You are currently viewing जिस शख्स की वजह से अवैध पटाखा फैक्ट्री में ब्लास्ट होने से मरे थे दो लोग उस ने फिर पुलिस की आंखों में झोंक दी धूल, अब पिता को मिला पटाखे बेचने का लाइसेंस, अब फिर कर सकते है कोई बड़ा कांड

जिस शख्स की वजह से अवैध पटाखा फैक्ट्री में ब्लास्ट होने से मरे थे दो लोग उस ने फिर पुलिस की आंखों में झोंक दी धूल, अब पिता को मिला पटाखे बेचने का लाइसेंस, अब फिर कर सकते है कोई बड़ा कांड

 

पाठकों सावधान – अगर आप की रिहायशी या भीड़ भाड़ वाले इलाके में किसी भी तरह का कोई अवैध पटाखों का गोदाम होने की सूचना है या कोई पटाखों के लाइसेंस के बिना पटाखें बेच रहा हो आप पुलिस के साथ साथ हमें भी सूचना दे सकते हों

अमन बग्गा- (चीफ एडिटर)9888799688

   PLN न्यूज़ द्वारा बड़ा खुलासा

जालंधर (अमन बग्गा)दीवाली को लेकर बर्ल्टन पार्क में लगने वाली पटाखा मार्किट को लेकर रेड क्रॉस भवन में ड्रा निकाले गए। इस दौरान 120 आवेदकों में से केवल 20 आवेदकों को पटाखा बेचने का लाइसेंस मिला है।

 डी.सी.पी परमवीर सिंह परमार भंडाल, ए.सी. पी जंग बहादर, डी.सी.पी. परमवीर सिंह  परमार ने क्रमवार 1 से 20 तक जैसे ड्रा निकले वैसे ही दुकाने लगेंगी। वहीं ए.डी.सी.पी. परमिंदर सिंह भंडाल ने कहा कि आदेशों की पालना ना करने पर लाइसेंस रद्द कर दिया जाएगा। यह लाइसैंस 29 अक्तूबर से 24 नवंबर तक जारी रहेंगे। 

 PLN न्यूज़ द्वारा बड़ा                खुलासा

 जिस शख्स की वजह से अवैध पटाखा फैक्ट्री में ब्लास्ट होने से मरे थे दो लोग उस ने फिर पुलिस की आंखों में झोंक दी धूल, अब पिता को मिला पटाखे बेचने का लाइसेंस, अब फिर कर सकते है कोई बड़ा कांड

  सेंट्रल टाउन के साथ लगते मोहल्ला रियाज़पुरा में मार्च 2018 में में घर में रिहायशी एरिया में चल में अवैध पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट से प्रशासन ने कोई सबक नही लिया लग रहा है। इस जोरदार ब्लास्ट में 22 वर्षीय राधिका और सुनील दो निर्दोष लोगों के चिथड़े उड़ गए थे। उन की दर्दनाक मौत हो गई थी और तीन लोग घायल हो गए थे।

भले ही पटाखा फैक्ट्री के मालिक गुरदीप सिंह पुत्र खज़ान सिंह पर थाना चार की पुलिस ने मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया था।

मगर गुरदीप सिंह ने जेल से बेल पर बाहर आकर पटाखों का कारोबार करेगा।

अब इस बार कितना अवैध और वेध कारोबार करेगा उस का भी हम जल्दी भंडाफोड़ेंगे।

लेकिन ये तो मानना पड़ेगा गुरदीप सिंह ने पुलिस प्रशासन की आंखों में धूल झोक कर बड़े ही शातिर अंदाज में पटाखे बेचने का लाइसेंस लेने के लिए अपने पिता के नाम से आवेदन कर दिया। और उन के द्वारा छोड़ा गया तीर लग भी पूरे निशाने पर गया। और ड्रा में उन के पिता का नाम निकल आया। 

अब PLN न्यूज़ आज पुलिस कमिश्नर से मिल कर ये सवाल पूछेगा कि पुलिस और जिला प्रशासन ने किसी भी आवेदनकर्ता की क्रिमिनल बैकग्राउंड की जांच किये बिना आवेदन स्वीकार कैसे कर लिया।

क्या जिस बेटे की वजह से अवैध पटाखों को रिहायशी एरिया में रखने और बनाने की बड़ी गलती और दो लोगों की मौत हुई क्या ऐसे शख्स के पिता को अधिकार है कि बेटे का अवैध कारोबार को पिता कर पाए। अब इस बात की क्या कोई जांच नही होनी चाहिए कि खजान सिंह के कौन से एरिया में अवैध पटाखों के गोदाम है। क्या अभी भी ये बाप बेटा लोगों की जान जोखिम में तो नही डाल रहे।क्या अब भी ये अवैध कारोबार करेंगे या वेध। क्यों कि PLN न्यूज़ को कई लाइसेंस धारकों और इस के इलावा जिन्हें लाइसेंस नही मिले उन पटाखा विक्रेताओं के अवैध तरीके से रिहायशी एरिया में पटाखों के गोदाम बनाने की सूचना मिल रही है। 

प्रशासन क्या बिना क्रिमिनल रिकॉर्ड चेक किये बिना ड्रा द्वारा 25 नंबर खज़ान सिंह पुत्र अमर सिंह निवासी रियाज़पुरा को पटाखे बेचने का लाइसेंस जारी किया है।

अब अगर फिर से इन बाप बेटे की वजह से कोई बड़ा कांड हो गया तो उस का जिम्मेदार कौन होगा।