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पानी के छींटे पड़े और बिछ गई लाश, कपड़ों पर कीचड़ उछलने का खौफनाक अंजाम; पिता के सामने बेटे को तेजधार हथियारों से काटा

कपूरथला: बारिश के मौसम में सड़क पर जमा पानी से गुजरती गाड़ियों के छींटे उड़ना एक आम बात है, लेकिन क्या आप सोच सकते हैं कि पानी की इन चंद बूंदों की कीमत किसी को अपनी बेरहम मौत से चुकानी पड़ सकती है? पंजाब के कपूरथला से एक ऐसा ही रूह कंपा देने वाला वाकया सामने आया है, जहां कपड़ों पर कार से कीचड़ उछलने के मामूली से विवाद में एक हंसते-खेलते युवक को सरेआम मौत के घाट उतार दिया गया। बेबस पिता और भतीजे की आंखों के सामने चार सिरफिरे बदमाशों ने युवक को घेरकर तेजधार हथियारों से इस कदर काटा कि सड़क खून से लाल हो गई।

तेज रफ्तार कार ने पहले उछाला कीचड़, फिर दी धमकी

यह पूरी खूनी वारदात भुलत्थ सब-डिवीजन के गांव नंगल लुबाना की है। पीड़ित पिता भजन सिंह ने पुलिस को दी गई अपनी दर्दनाक शिकायत में बताया कि 15 जुलाई की रात करीब आठ बजे उनका 38 वर्षीय बड़ा बेटा गुरमीत सिंह और भतीजा हरप्रीत सिंह घर के बाहर सड़क किनारे खड़े थे। तभी वहां से एक काले रंग की तेज रफ्तार ब्रीजा कार (PB-09-AS-0441) गुजरी, जिससे सड़क पर जमा पानी सीधा गुरमीत के कपड़ों पर जा गिरा। जब गुरमीत ने कार रुकवाकर इसका विरोध किया, तो गाड़ी चला रहे डाला गांव निवासी समीर उर्फ सैम और उसके साथी रायपुर पीर बख्श निवासी सतविंदरजीत सिंह उर्फ गौरव ने अपनी गलती मानने के बजाय उससे बदसलूकी की और जान से मारने की धमकियां देते हुए वहां से निकल गए।

हथियारों से लैस होकर लौटे बदमाश, सड़क पर बहाया खून

धमकियां देकर गए इन बदमाशों का गुस्सा सिर्फ बहस से शांत नहीं हुआ था। रात करीब नौ बजे जब गुरमीत, उसके बुजुर्ग पिता भजन सिंह और भतीजा हरप्रीत मुंडी रोड अड्डे पर खड़े थे, तभी वह काले रंग की ब्रीजा कार फिर से वहां आ धमकी। इस बार कार से चार युवक निकले, जिनमें से तीन के हाथों में नंगी तलवारें और तेजधार हथियार थे। इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता, समीर, सतविंदरजीत के साथ आए मनजोत सिंह और जसविंदर सिंह ने गुरमीत को चारों तरफ से घेर लिया। बदमाशों ने पिता और भतीजे के सामने ही गुरमीत पर ताबड़तोड़ वार करने शुरू कर दिए और उसे लहूलुहान हालत में सड़क पर तड़पता छोड़कर हथियारों समेत अपनी कार से नडाला की तरफ फरार हो गए।

तीन अस्पतालों के चक्कर, नहीं बची जान… 4 टीमें कर रहीं तलाश

हमले के तुरंत बाद चीख-पुकार मची और भतीजे हरप्रीत ने आनन-फानन में गाड़ी का इंतजाम कर गंभीर रूप से घायल गुरमीत को बेगोवाल के एक निजी अस्पताल पहुंचाया। वहां से उसकी नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे सिविल अस्पताल भुलत्थ रेफर कर दिया। जब वहां भी हालत नहीं सुधरी, तो उसे जालंधर के एक अस्पताल ले जाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी और डॉक्टरों ने गुरमीत को मृत घोषित कर दिया। मृतक गुरमीत खेती-बाड़ी में अपने पिता का हाथ बंटाता था और उसका छोटा भाई अमेरिका में रहता है। बेगोवाल थाना पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मोर्चरी में रखवा दिया है और पिता के बयानों के आधार पर चारों आरोपियों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस ने हत्यारों की जल्द गिरफ्तारी के लिए चार अलग-अलग टीमों का गठन कर दिया है, जो लगातार छापेमारी कर रही हैं।

Splashed water led to a dead body; the horrific consequence of mud splattering onto clothes