जालंधर: विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान की ओर से राष्ट्रीय शिक्षा नीति–2020 के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर आज विद्या धाम, जालंधर में एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया। इस अवसर विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान के महामंत्री श्री देशराज शर्मा जी उत्तर क्षेत्र के सह संगठन मंत्री श्री बालकिशन जी, महामंत्री श्री दिलाराम चौहान जी एवं विद्या भारती पंजाब के महामंत्री श्री संदीप धुडिया जी उपस्थित रहे l इस कार्यशाला में उत्तर क्षेत्र की शैक्षिक परिषदों के गठन एवं उनकी कार्ययोजना की विस्तृत जानकारी मीडिया के माध्यम से समाज के समक्ष रखी गई।
प्रेस वार्ता में राष्ट्रीय महामंत्री श्री देशराज शर्मा जी द्वारा बताया गया कि विद्या भारती देशभर में औपचारिक एवं अनौपचारिक रूप से लगभग 24,000 शिक्षण संस्थानों का संचालन कर रही है तथा राष्ट्रीय शिक्षा नीति की अवधारणाओं को कक्षा-कक्ष तक पहुँचाने हेतु अखिल भारतीय स्तर पर शैक्षिक परिषदों का गठन किया जा रहा है। इसी क्रम में उत्तर क्षेत्र (जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा एवं दिल्ली) की क्षेत्रीय बैठक 17 से 19 जनवरी तक जालंधर में सम्पन्न हुई, जिसमें लगभग 80 शिक्षाविदों एवं विषय-विशेषज्ञों ने सहभागिता की।
वार्ता के दौरान यह स्पष्ट किया गया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के प्रमुख आयाम—क्रिटिकल थिंकिंग, जॉयफुल लर्निंग, लाइफ-लॉन्ग लर्निंग तथा स्किल-बेस्ड एजुकेशन—को व्यवहारिक रूप से लागू करने हेतु विद्यालय, संकुल, जिला, प्रांत एवं क्षेत्र स्तर पर संरचना विकसित की जा रही है। इसमें प्रधानाचार्य, आचार्य, एनसीईआरटी, डायट तथा सेवानिवृत्त शिक्षाविदों के अनुभवों का समन्वय किया जाएगा।
विद्या भारती ने इस बात पर विशेष बल दिया कि भारत की प्राचीन एवं सांस्कृतिक शिक्षा परंपराओं—गुरुकुल प्रणाली, पारिवारिक संस्कार और आध्यात्मिक मूल्यों—को आधुनिक शिक्षा की आवश्यकताओं से जोड़ते हुए ऐसे नागरिकों का निर्माण किया जाए, जो केवल रोजगार खोजने वाले नहीं बल्कि रोजगार देने वाले, राष्ट्रभक्त एवं समाज के प्रति7 उत्तरदायी हों।
प्रेस वार्ता के समापन पर यह संकल्प व्यक्त किया गया कि समाज की सहभागिता के साथ राष्ट्रीय शिक्षा नीति–2020 का शत-प्रतिशत क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाएगा, जिससे शिक्षा सही अर्थों में राष्ट्र निर्माण का सशक्त माध्यम बन सके।

Vidya Bharati’s new initiative: A roadmap prepared to implement NEP-2020 on the ground




