You are currently viewing छिड़ गया महायुद्ध: इजरायल-अमेरिका ने ईरान पर कर दिया बड़ा हमला, खामेनेई के दफ्तर और रक्षा मंत्रालय समेत 6 बड़े शहरों में भारी बमबारी- देखें तबाही के खौफनाक VIDEOS

छिड़ गया महायुद्ध: इजरायल-अमेरिका ने ईरान पर कर दिया बड़ा हमला, खामेनेई के दफ्तर और रक्षा मंत्रालय समेत 6 बड़े शहरों में भारी बमबारी- देखें तबाही के खौफनाक VIDEOS

तेल-अवीव: मध्य पूर्व में तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। इजरायल और अमेरिका ने ईरान पर बड़ा सैन्य हमला कर दिया है, जिससे पूरे क्षेत्र में युद्ध भड़कने की आशंका तेज हो गई है। इजरायल के रक्षा मंत्री ने देशव्यापी आपातकाल की घोषणा कर दी है। जानकारी के अनुसार, ईरान की राजधानी तेहरान में हमले के बाद धुएं का गुबार उठता देखा गया है। अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच पहले से जारी तनाव के बीच इजरायल और ईरान की यह सीधी भिड़ंत पूरे मध्य एशिया के लिए बेहद चिंताजनक खबर बनकर सामने आई है।

इजरायल और अमेरिका ने संयुक्त रूप से बड़ी सैन्य कार्रवाई करते हुए ईरान के सबसे संवेदनशील और रणनीतिक ठिकानों पर जोरदार हमले किए हैं। इस व्यापक अभियान के तहत मुख्य रूप से ईरान के रक्षा मंत्रालय और खुफिया मुख्यालय को निशाना बनाया गया है। इसके साथ ही, सुप्रीम लीडर अली खामेनेई के कार्यालय, ‘एटॉमिक एनर्जी ऑफ ईरान’ के प्रतिष्ठानों और परचीन स्थित महत्वपूर्ण सैन्य ठिकानों पर भी भारी बमबारी की गई है। इस भीषण हमले की आंच ईरान के कई बड़े और प्रमुख शहरों तक पहुंची है। जिन शहरों को इस हमले में मुख्य रूप से निशाना बनाया गया है, उनमें राजधानी तेहरान के अलावा कॉम, तबरेज, करमनशाह, कराज और इस्फहान शामिल हैं।

इजरायल में गूंजे खतरे के सायरन, लोगों को किया गया अलर्ट

ईरान की धरती पर हमला करने के तुरंत बाद पूरे इजरायल में एक साथ खतरे के सायरन बजने लगे। इजरायली सेना ने आशंका जताई है कि ईरान भी पलटवार करते हुए मिसाइल हमले कर सकता है। ऐसे में आम जनता को सतर्क करने और सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के लिए ये सायरन बजाए गए हैं। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पूरे देश में युद्ध आपातकाल लागू कर दिया गया है।

अमेरिका भी युद्ध में हो सकता है शामिल

रिपोर्ट्स के अनुसार, शनिवार सुबह तेहरान में तेज धमाकों की आवाजें सुनी गईं, हालांकि ईरानी सरकार ने अभी तक इस पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है। यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब अमेरिका और ईरान के बीच परमाणु कार्यक्रम को लेकर चल रही बातचीत लगभग बेनतीजा साबित हो रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पहले ही चेतावनी दी थी कि अगर वार्ता से कोई सार्थक हल नहीं निकला तो वे सैन्य कार्रवाई से पीछे नहीं हटेंगे। जानकारों का मानना है कि अगर ईरान अब इजरायल पर जवाबी हमले करता है, तो इस युद्ध में अमेरिका के कूदने की पूरी संभावना है, जिससे यह संघर्ष एक विनाशकारी रूप ले सकता है।

अमेरिकी राजदूत ने दी थी देश छोड़ने की सलाह

इस बड़े हमले की भनक शायद अमेरिका को पहले से थी। हमले से ठीक एक दिन पहले शुक्रवार को यरूशलेम में अमेरिकी राजदूत माइक हकाबी ने दूतावास के कर्मचारियों को तुरंत इजरायल छोड़ने की सलाह दी थी। न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, हकाबी ने कर्मचारियों को एक ईमेल भेजकर जल्द से जल्द बेन-गुरियन हवाई अड्डे से बाहर जाने वाली उड़ानों में सीटें सुरक्षित करने को कहा था। उन्होंने स्पष्ट किया था कि हालांकि घबराने की जरूरत नहीं है, लेकिन ईरान या उसके सहयोगियों द्वारा संभावित जवाबी हमले के खतरे को देखते हुए समय रहते प्रस्थान की योजना बनाना ही सबसे सुरक्षित कदम है।

World War Breaks Out: Israel and the US launch a major attack on Iran, bombing six major cities, including Khamenei’s office