चंडीगढ़: पंजाब कांग्रेस के भीतर चल रही खींचतान अब एक बड़े सियासी ड्रामे में तब्दील हो गई है। चंडीगढ़ के सेक्टर 4 में कपूरथला के विधायक राणा गुरजीत सिंह के आवास पर पार्टी के नाराज और असंतुष्ट नेताओं का बड़ा जमावड़ा लगा है। ये सभी नेता पंजाब मामलों के प्रभारी और एआईसीसी महासचिव भूपेश बघेल के साथ अहम बैठक करने पहुंचे हैं। इस हाई-वोल्टेज मीटिंग के शुरू होने से ठीक पहले सूबे के पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने एक ऐसा रहस्यमयी बयान दे दिया है, जिसने पार्टी के अंदर और बाहर सियासी हलचल को और भी ज्यादा तेज कर दिया है।
चन्नी के रहस्यमयी बयान से मची खलबली
बैठक स्थल पर पहुंचने के बाद अंदर जाने से ठीक पहले मीडिया से मुखातिब होते हुए पूर्व सीएम चरणजीत सिंह चन्नी ने बेहद सधे हुए लेकिन इशारों-इशारों में बड़ी बात कह दी। चन्नी ने कहा, “बस इंतजार कीजिए और देखिए कि हवा किस दिशा में बहती है।” चन्नी के इस बयान को पार्टी आलाकमान और प्रदेश नेतृत्व (खासकर राजा वड़िंग गुट) के लिए एक बड़े संकेत के तौर पर देखा जा रहा है। जानकारी के मुताबिक, इस अहम बैठक में शामिल होने के लिए करीब 45 दिग्गज नेता राणा गुरजीत के आवास पर पहुंच चुके थे और भूपेश बघेल के आने का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे।
मीटिंग के बीच राणा गुरजीत के ठिकानों पर रेड से हड़कंप
इस सियासी घमासान के बीच आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार के एक एक्शन ने आग में घी डालने का काम किया है। बैठक के मेजबान राणा गुरजीत सिंह ने अपने कारोबारी ठिकानों पर अचानक हुई छापेमारी की टाइमिंग को लेकर पंजाब सरकार पर सीधा और तीखा हमला बोला। राणा गुरजीत ने सवाल उठाते हुए कहा कि उनके ठिकानों पर रेड ठीक उसी वक्त की गई है, जब कांग्रेस के तमाम बड़े नेता और विधायक पंजाब प्रभारी से मिलने के लिए उनके घर पर इकट्ठा हो रहे हैं। बैठक के एजेंडे को लेकर उन्होंने स्पष्ट किया कि पिछले विधानसभा चुनाव में ताल ठोकने वाले सभी नेता यहां आए हैं और वे पूरी मजबूती के साथ भूपेश बघेल के सामने अपना पक्ष रखेंगे।
हाईकमान तक पहुंचेगी नाराज नेताओं की जमीनी रिपोर्ट
पार्टी के भीतर मचे इस बवाल को लेकर पंजाब कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और विधायक परगट सिंह ने भी स्थिति स्पष्ट की है। परगट सिंह ने कहा कि भूपेश बघेल पंजाब के प्रभारी हैं और वह सभी नेताओं से खुलकर चर्चा करने के बाद ही जमीनी स्थिति का सही आकलन करेंगे। उन्होंने भरोसा जताया कि प्रभारी पूरी स्थिति से पार्टी आलाकमान को अवगत कराएंगे और इसके बाद जो भी अंतिम फैसला लिया जाएगा, वह पूरी तरह से कांग्रेस पार्टी के सर्वोत्तम हित में ही होगा। फिलहाल सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि इस बैठक के बाद पंजाब कांग्रेस की राजनीति में क्या नया भूचाल आता है।


Channi drops a major hint ahead of Bhupesh Baghel’s meeting; political stir intensifies within the party








