एसएएस नगर: मोहाली के उपायुक्त (डीसी) कार्यालय में रिश्वतखोरी का एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां विजिलेंस की फ्लाइंग स्क्वॉड टीम ने आरआईए शाखा में तैनात सीनियर असिस्टेंट को रंगे हाथ दबोच लिया। इस कार्रवाई के बाद प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है।
स्काई रॉक वेलफेयर सोसायटी के प्लॉट के नाम पर मांग थी रिश्वत
विजिलेंस ब्यूरो से मिली जानकारी के अनुसार, यह पूरी कार्रवाई गुरदासपुर जिले के रहने वाले प्रभजोत सिंह की शिकायत पर की गई है। शिकायतकर्ता ने बताया कि मोहाली के सेक्टर-111/12 स्थित स्काई रॉक वेलफेयर सोसायटी में नीलामी वाले प्लॉट दिलवाने की एवज में डीसी ऑफिस की सीनियर असिस्टेंट (क्लर्क) भूपिंदर कौर ने उनसे कुल 8 लाख रुपये रिश्वत की मांग की थी। आरोपी क्लर्क लगातार पीड़ित पर पैसे देने का दबाव बना रही थी, जिसके बाद पीड़ित ने इसकी गुप्त शिकायत विजिलेंस ब्यूरो से कर दी।
विजिलेंस ने बिछाया जाल, सरकारी गवाहों के सामने पकड़ी गई आरोपी
शिकायत मिलने के बाद विजिलेंस ब्यूरो की फ्लाइंग स्क्वॉड-1 टीम ने मामले की गंभीरता से जांच की और अपनी रणनीति तैयार की। योजना के मुताबिक विजिलेंस की टीम ने एक पुख्ता जाल बिछाया और सरकारी गवाहों की मौजूदगी में आरोपी भूपिंदर कौर को शिकायतकर्ता से पहली किस्त के रूप में एक लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों धर दबोचा।
भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज
विजिलेंस ब्यूरो ने आरोपी महिला कर्मचारी के खिलाफ विजिलेंस थाना फ्लाइंग स्क्वॉड-1 में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (Prevention of Corruption Act) की धारा 7 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की आगे की गहनता से जांच की जा रही है और आरोपी महिला को अदालत में पेश किया जाएगा। इस कार्रवाई से दफ्तरों में फाइलें दबाकर रिश्वत वसूलने वाले भ्रष्ट कर्मचारियों में भारी खौफ पैदा हो गया है।


Major action by the Vigilance Bureau: Senior Assistant at the DC office arrested red-handed while accepting




