जालंधर: जालंधर के डीसी कार्यालय के बाहर उस वक्त भारी हंगामा खड़ा हो गया जब बड़ी संख्या में शिक्षकों ने प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। दरअसल, गर्मी की छुट्टियों के दौरान जबरन चुनाव और अन्य ड्यूटी लगाए जाने से शिक्षक वर्ग में भारी रोष है। अपनी मांगों को लेकर शिक्षकों के एक संयुक्त मोर्चे ने डीसी कार्यालय का घेराव किया और प्रशासन पर मानसिक उत्पीड़न और तानाशाही का आरोप लगाया।
देर रात मैसेज भेजकर दी जा रही है नौकरी से निकालने की धमकी
प्रदर्शन कर रहे शिक्षकों और विशेषकर महिला स्टाफ का कहना है कि प्रशासन द्वारा उनकी सहमति के बिना ही उन पर जबरन ड्यूटियां थोपी जा रही हैं। शिक्षकों ने आरोप लगाया है कि उन्हें देर रात मैसेज भेजकर परेशान किया जाता है और ड्यूटी पर न आने की स्थिति में नौकरी से निकालने, सस्पेंड करने या वेतन रोकने जैसी धमकियां दी जाती हैं। शिक्षकों का स्पष्ट कहना है कि वे पहले ही अपनी मर्जी से कई बार ड्यूटियां कर चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद उन पर लगातार दबाव बनाया जा रहा है और डरा-धमका कर काम लिया जा रहा है।
स्मार्ट स्कूलों में नहीं बचे पढ़ाने वाले, बच्चों का भविष्य दांव पर
सरकार के स्मार्ट स्कूल अभियान पर भी गुस्साए शिक्षकों ने सवाल खड़े किए हैं। उनका तर्क है कि अगर सभी शिक्षकों को चुनाव या जनगणना जैसे गैर-शैक्षणिक कार्यों में ही उलझा दिया जाएगा, तो बच्चों को कौन पढ़ाएगा। शिक्षकों ने बताया कि एक तरफ स्कूलों में छुट्टियां चल रही हैं और दूसरी तरफ उन्हें आराम करने या अगले सत्र की तैयारी करने के बजाय प्रशासनिक कामों में घसीटा जा रहा है। यह शिक्षा के स्तर और बच्चों के भविष्य के साथ भी खिलवाड़ है।
डीसी को सौंपा मांग पत्र, दी बड़े आंदोलन की चेतावनी
हंगामा बढ़ता देख शिक्षकों के एक प्रतिनिधिमंडल ने DC को अपना मांग पत्र सौंपा। इस मांग पत्र में मुख्य रूप से तीन मांगें रखी गई हैं। पहली मांग यह है कि शिक्षकों की बिना सहमति के लगाई गई सभी ड्यूटियां तुरंत प्रभाव से रद्द की जाएं। दूसरी यह कि जो शिक्षक पहले से ही जनगणना या अन्य ड्यूटियों में लगे हैं, उन्हें दोबारा इस काम में न धकेला जाए। इसके अलावा, शिक्षकों ने यह भी मांग की है कि सारा बोझ केवल शिक्षा विभाग पर डालने के बजाय अन्य विभागों के कर्मचारियों की भी समान अनुपात में ड्यूटी लगाई जाए। शिक्षकों ने साफ चेतावनी दी है कि अगर उनकी जायज मांगें जल्द नहीं मानी गईं, तो वे अपना संघर्ष और तेज करेंगे।


Jalandhar: Teachers outraged over being forced to report for duty during holidays gheraoed the DC office








