चंडीगढ़: पंजाब और चंडीगढ़ में मौसम ने अचानक करवट ले ली है और मार्च के महीने में ही अप्रैल-मई जैसी चिलचिलाती गर्मी का अहसास होने लगा है। आज 10 मार्च को भी पूरे क्षेत्र में मौसम पूरी तरह से शुष्क रहने की उम्मीद है और आसमान से तेज धूप बरसेगी। हालत यह है कि अधिकतम और न्यूनतम तापमान सामान्य से 6.3 से 6.4 डिग्री सेल्सियस तक ऊपर चले गए हैं। पिछले 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में 0.2 डिग्री की और बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिसमें पटियाला 33.6 डिग्री सेल्सियस के साथ राज्य का सबसे गर्म शहर रहा।
पश्चिमी विक्षोभ और खतरनाक जेट स्ट्रीम का असर
मौसम विभाग के अनुसार इस समय आसमान में एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय अवस्था में है। यह हवा का एक खास सिस्टम है जो मध्य स्तर की पश्चिमी हवाओं के बीच लगभग 5.8 किलोमीटर की ऊंचाई पर बना हुआ है। इसका सीधा असर 28° उत्तरी अक्षांश और लगभग 48° पूर्वी देशांतर के आसपास के क्षेत्रों में देखने को मिल रहा है। इसके साथ ही आसमान में 12.6 किलोमीटर की ऊंचाई पर सब-ट्रॉपिकल वेस्टर्न जेट स्ट्रीम भी सक्रिय हो गई है। यह हवाओं की एक बेहद तेज धारा है जो करीब 155 किलोमीटर प्रति घंटे की खतरनाक रफ्तार से जम्मू-कश्मीर क्षेत्र के ऊपर से गुजर रही है।
आग उगल रहे पंजाब के 11 प्रमुख शहर
लगातार बढ़ रहे पारे ने लोगों के पसीने छुड़ा दिए हैं और राज्य के 11 शहरों का अधिकतम तापमान 31 से 33.6 डिग्री के बीच पहुंच गया है। सबसे ज्यादा गर्मी पटियाला में पड़ रही है जहां पारा 33.6 डिग्री रहा, जबकि पठानकोट में सबसे कम 31 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। राजधानी चंडीगढ़ में भी लोग गर्मी से बेहाल हैं और वहां का अधिकतम तापमान 33.2 डिग्री दर्ज किया गया है। इसके अलावा औद्योगिक शहर लुधियाना में 33 डिग्री, अमृतसर में 31.2 डिग्री, फिरोजपुर में 32.2 डिग्री, होशियारपुर और मोहाली में 31.6 डिग्री के साथ-साथ रूपनगर में 31.8 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया है।
अगले छह दिनों तक कैसा रहेगा मौसम का मिजाज?
मौसम विभाग के डायरेक्टर सुरेंद्र पाल ने इस बेतहाशा बढ़ती गर्मी को लेकर अहम जानकारी साझा की है। उन्होंने बताया कि राज्य में अगले छह दिनों तक मौसम पूरी तरह से शुष्क और सूखा रहने की संभावना है। हालांकि 15 मार्च को मौसम में थोड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है और कुछ स्थानों पर हल्की बारिश होने के आसार हैं जिससे लोगों को गर्मी से थोड़ी राहत मिल सकेगी। फिलहाल अगले तीन दिनों तक अधिकतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, लेकिन उसके बाद पारे में 2 से 3 डिग्री तक की गिरावट दर्ज की जा सकती है।

The scorching heat started in March itself, conditions like April-May in Punjab-Chandigarh








