नई दिल्ली: आज से नए साल की शुरुआत हो गई है। नए साल यानी 2023 में कई ऐसे बदलाव होने जा रहे हैं, जो सीधे आपकी जेब पर असर डाल सकते हैं। इस बदलावों के बारे में जानना आपके लिए बेहद जरूरी है। तो चलिए आपको बताते हैं कि 1 जनवरी 2023 से कौन-कौन से नियम बदलने वाले हैं।
जनवरी में इतने दिन बंद रहेंगे बैंक
नए साल के शुरू होने से पहले ही रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की ओर से 2023 के लिए बैंकों की छुट्टियों की लिस्ट जारी कर दी गई हैं। जिसके मुताबिक, नए साल के पहले महीने यानी जनवरी 2023 में कुल 14 दिन बैंक बंद रहने वाले हैं। साप्ताहिक छुट्टियों से लेकर अलग-अलग राज्यों में होनेवाले त्योहारों के चलते 14 दिन बैंकों की छुट्टियां रहेगी।
CNG-PNG की कीमतों में बदलाव
सरकारी तेल कंपनियां हर महीने की शुरुआत में देश के अलग-अलग शहरों के लिए सीएनजी और पीएनजी के रेट जारी करती है। यही वजह है कि नए साल में CNG-PNG के दामों में बदलाव किया जा सकता है। आपको बता दें कि पिछले कुछ महीनों से दिल्ली और मुंबई में CNG-PNG की कीमतों में लगातार वृद्धि की जा रही है।
गाड़ियों को खरीदना पड़ेगा महंगा
कई वाहन कंपनियों ने नए साल यानी 2023 में अपने वाहनों के दाम बढ़ने की घोषणा की है। जो कंपनिया अगले महीने से अपनी गाडियों के दाम बढ़ाने जा रही हैं, उनमें होंडा, मारुति सुजुकी, हुंदै, टाटा मोटर्स, मर्सिडीज बेंज, ऑडी, रेनॉल्ट, किआ इंडिया और एमजी मोटर का नाम शामिल हैं।
पोस्ट ऑफिस की ब्याज दरों में होगी वृद्धि
नए साल में पोस्ट ऑफिस स्कीम्स की ब्याज दरों को बढ़ाने का फैसला किया गया है। इसके तहत एनएससी (NSC), सीनियर सिटीजन सेविंग स्कीम और मंथली इनकम स्कीम की ब्याज दरों में इजाफा हुआ है। इन योजनाओं के ब्याज दरों में 1।1 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी की गई है, जो कल यानी 1 जनवरी 2023 से लागू हो रही हैं। एक जनवरी से राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (NSC) पर 7 फीसदी की दर से ब्याज मिलेगा, जो फिलहाल 6।8 फीसदी है। इसी तरह, वरिष्ठ नागरिक बचत योजना में मौजूदा 7.6 प्रतिशत के मुकाबले 8 प्रतिशत ब्याज मिलेगा। हालांकि, सार्वजनिक भविष्य निधि (PPF) और ‘सुकन्या समृद्धि’ योजना की ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
बैंक लॉकर के लिए लागू होगा नया नियम
नए साल की शुरुआत के साथ ही बैंक लॉकर के नियमों में भी बदलाव होने जा रहा है। अब नए नियमों के तहत बैंक लॉकर में रखें सामान के गुम होने की स्थिति में बैंक की जिम्मेदारी तय की जाएगी। इसके साथ ही लॉकर संबंधित कोई फैसला लेने से पहले बैंक की तरफ से ग्राहकों को इस बात की सूचना दी जाएगी।
व्यापारियों के लिए ई-इनवायसिंग के नियम बदलेंगे
1 जनवरी 2023 से जीएसटी के नियमों में भी बदलाव होने जा रहा है। इसके तहत अब 5 करोड़ से ज्यादा के बिजनेस करने वाले व्यापारियों के लिए ई-इनवायसिंग यानी इलेक्ट्रानिक बिल निकालना अनिवार्य कर दिया गया है। हालांकि, इससे पहले यह सीमा 20 करोड़ रुपये निर्धारित की गई थी। व्यापारियों के लिए (E-Bill) के नियमों में बदलाव करने का मकसद फर्जी बिल जरिये इनपुट टैक्स क्रेडिट लेने पर रोक लगाना और सिस्टम में पारदर्शिता लाना है।








