जलालाबाद: जलालाबाद के गांव भंबा वट्टू में एक पति-पत्नी ने अपने ही घर में फांसी लगाकर जीवन लीला समाप्त कर ली। सोमवार सुबह दोनों के शव घर के अंदर रस्सी के फंदे से लटकते हुए मिले। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शवों को कब्जे में ले लिया है और मामले की गहनता से जांच शुरू कर दी है।
10 साल पहले हुई थी शादी, घर में अकेले रहता था दंपती
मृतकों की पहचान पिप्पल सिंह और उनकी पत्नी लखविंदर कौर के रूप में हुई है। मृतक के भाई राज सिंह ने बताया कि पिप्पल सिंह पोलियो से पीड़ित थे और घर पर ही रहकर बाबा खेत्रपाल की सेवा किया करते थे। इस दंपती की शादी लगभग 10 साल पहले हुई थी। दोनों गांव भंबा वट्टू स्थित अपने घर में अकेले ही रहते थे। सोमवार सुबह जब काफी देर तक घर का दरवाजा नहीं खुला, तो परिवार के लोग वहां पहुंचे और अंदर का खौफनाक नजारा देखकर उनके पैरों तले जमीन खिसक गई।
निसंतान होने के कारण अक्सर मानसिक तनाव में रहता था पति
मृतक पिप्पल सिंह के मामा जरनैल सिंह ने बताया कि शादी के एक दशक बाद भी दंपती की कोई संतान नहीं थी। बच्चे की किलकारी न गूंजने के कारण पिप्पल सिंह अक्सर भारी मानसिक तनाव से गुजर रहे थे और उन्हें अपने भविष्य की भी काफी चिंता सताती थी। परिजनों ने संतान न होने को तनाव का एक मुख्य कारण जरूर बताया है, लेकिन अभी तक यह पूरी तरह से स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इस खौफनाक कदम के पीछे यही एकमात्र वजह है या कोई और परेशानी भी थी।
हर पहलू की जांच कर रही पुलिस, पोस्टमार्टम के बाद सौंपे जाएंगे शव
घटना की जानकारी मिलने के बाद चौकी घुबाया पुलिस के अधिकारी अभिषेक शर्मा अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शवों को नीचे उतारकर फाजिल्का के सरकारी अस्पताल की मोर्चरी में पोस्टमार्टम के लिए सुरक्षित रखवा दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वे इस मामले के हर पहलू और घटना से जुड़ी सभी परिस्थितियों की बारीकी से जांच कर रहे हैं। फिलहाल पुलिस की जांच इस बात पर केंद्रित है कि पति-पत्नी ने यह कदम किन हालातों में उठाया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर ही आगे की कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।


Husband and wife commit suicide in Punjab; distressed over not having children




